सेंसेक्स की शीर्ष 10 में से पांच कंपनियों के बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैप) में बीते सप्ताह सामूहिक रूप से 1,42,880.11 करोड़ रुपये की गिरावट आई. सबसे अधिक नुकसान हिंदुस्तान यूनिलीवर, रिलायंस इंडस्ट्रीज और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) को हुआ.
बीते सप्ताह बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 484.33 अंक या 0.79 प्रतिशत नीचे आया. शुक्रवार को लगातार चौथे कारोबारी सत्र में सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट आई.
हिंदुस्तान यूनिलीवर का मार्केट कैप 45,523.33 करोड़ रुपये घटा
समीक्षाधीन सप्ताह में हिंदुस्तान यूनिलीवर का बाजार पूंजीकरण 45,523.33 करोड़ रुपये घटकर 5,76,836.40 करोड़ रुपये रह गया. रिलायंस इंडस्ट्रीज का बाजार मूल्यांकन 45,126.6 करोड़ रुपये के नुकसान से 16,66,427.95 करोड़ रुपये पर और टीसीएस का 41,151.94 करोड़ रुपये की गिरावट के साथ 12,94,686.48 करोड़ रुपये पर आ गया.
कोटक महिंद्रा बैंक का बढ़ा
इस रुख के उलट कोटक महिंद्रा बैंक का बाजार पूंजीकरण 30,747.78 करोड़ रुपये बढ़कर 4,30,558.09 करोड़ रुपये पर पहुंच गया. आईसीआईसीआई बैंक का बाजार मूल्यांकन 22,248.14 करोड़ रुपये के उछाल के साथ 5,26,497.27 करोड़ रुपये रहा.
इसी तरह एचडीएफसी की बाजार हैसियत 17,015.22 करोड़ रुपये बढ़कर 5,24,877.06 करोड़ रुपये पर और भारतीय स्टेट बैंक की 11,111.14 करोड़ रुपये के लाभ के साथ 4,48,863.34 करोड़ रुपये पर पहुंच गई. इन्फोसिस ने सप्ताह के दौरान 1,717.96 करोड़ रुपये जोड़े और उसका बाजार पूंजीकरण 7,29,410.37 करोड़ रुपये रहा.
शीर्ष 10 कंपनियों की सूची में रिलायंस इंडस्ट्रीज पहले स्थान पर कायम रही. उसके बाद क्रमश: टीसीएस, एचडीएफसी बैंक, इन्फोसिस, हिंदुस्तान यूनिलीवर, आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी, बजाज फाइनेंस, एसबीआई और कोटक महिंद्रा बैंक का स्थान रहा.
Bitcoin का मार्केट कैप लगभग 2 लाख करोड़
बिट्क्वाइन की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव चल रहा है. आज रविवार को दोपहर 12 बजे के आस-पास बिट्कवाइन की कीमत 61079 डॉलर के करीब चल रही है. इस हफ्ते bitcoin के रेट में तेज वोलेटिलिटी देखने को मिल रही है. 21अक्टूबर को एक bitcoin की कीमत 66 हजार डॉलर पार कर गई थी. ऑल टाइम हाई छूने के बाद इस सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी के दाम में 5 हजार डॉलर प्रति क्वाइन तक की गिरावट आ चुकी है. बिटक्वाइन का मार्केट कैप 2 लाख करोड़ के आस-पास चल रहा है.
Bitcoin की कीमतें इस साल जुलाई में एक बिट्क्वाइन की कीमत 35 हजार डॉलर के नीचे चली गई थी. फिर से कीमतों में रिकवरी हुई और अब कीमतें 60 हजार डॉलर के पार चल रही है.



