डिप्टी सीएम अजित पवार को 25 हजार करोड़ के सहकारी बैंक घोटाले में बड़ी राहत मिली है, इकॉनमिक ऑफेंस विंग ने कोर्ट में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल कर दी है. EOW ने रिपोर्ट में कहा है कि अजित पवार के खिलाफ लगे आरोपों में कोई सबूत नहीं मिले हैं, इस मामले में अजित पवार सहित 69 लोग आरोपी थे.


