देश की शीर्ष अदालत से अडानी ग्रुप (Adani Group) को अच्छी खबर मिली है. दरअसल, सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने अरबपति गौतम अडानी की अडानी पावर (Adani Power) के पक्ष में एक फैसला सुनाया है. कोर्ट ने राजस्थान स्थित 3 वितरण कंपनियों यानी डिस्कॉम (Discoms) को आदेश दिया है कि वे 4 हफ्ते के अंदर अडानी पावर को कुल 4200 करोड़ रुपये के कम्पेन्सेटरी टैरिफ का भुगतान करें.
सुप्रीम कोर्ट की तरफ से कंपनी के पक्ष में फैसला आने के बाद अडानी पावर के शेयर को पंख लग गए हैं. कंपनी में 25 फरवरी यानी आज के कारोबार में 12 फीसदी से ज्यादा की तेजी देखने को मिली. कंपनी के शेयर 12.15 फीसदी की तेजी यानी 123.30 रुपये पर बंद हुआ है.
कोर्ट की अवमानना का मामला
शीर्ष अदालत ने कहा कि राजस्थान स्थित इन तीनों वितरण कंपनियों ने इस साल के शुरुआत में उनके रिव्यू पीटिशन के खारिज हो जाने के बाद बकाया राशि का भुगतान नहीं किया है. ऐसे में उन्होंने कोर्ट की अवमानना की है.
गौरतलब है कि इन तीनों कंपनियों ने 2022 में आए ऑर्डर के समीक्षा के लिए एक रिव्यू पीटिशन दाखिल की थी जिसमें यह मांग की गई थी कि अडानी पावर को कम्पेन्सेटरी टैरिफ देने के आदेश की फिर से समीक्षा की जाए लेकिन कोर्ट ने इस रिव्यू पीटिशन को अमान्य कर दिया था. सुप्रीम कोर्ट ने अब इन कंपनियों को आदेश दिया है कि वे अडानी पावर को कुल 4200 करोड़ रुपये के कम्पेन्सेटरी टैरिफ का भुगतान करें. बता
कोर्ट की अवमानना का मामला
शीर्ष अदालत ने कहा कि राजस्थान स्थित इन तीनों वितरण कंपनियों ने इस साल के शुरुआत में उनके रिव्यू पीटिशन के खारिज हो जाने के बाद बकाया राशि का भुगतान नहीं किया है. ऐसे में उन्होंने कोर्ट की अवमानना की है.
गौरतलब है कि इन तीनों कंपनियों ने 2022 में आए ऑर्डर के समीक्षा के लिए एक रिव्यू पीटिशन दाखिल की थी जिसमें यह मांग की गई थी कि अडानी पावर को कम्पेन्सेटरी टैरिफ देने के आदेश की फिर से समीक्षा की जाए लेकिन कोर्ट ने इस रिव्यू पीटिशन को अमान्य कर दिया था. सुप्रीम कोर्ट ने अब इन कंपनियों को आदेश दिया है कि वे अडानी पावर को कुल 4200 करोड़ रुपये के कम्पेन्सेटरी टैरिफ का भुगतान करें. बता



